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Motion Sickness In Hindi

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हेलो दोस्तों आपका Arogyhub.com पर स्वागत है। एक एसी स्थिति है जो किसी ट्रावल में प्रयाण के दौरान जुनम जैसी असुख होने की समस्या में आ जाती है। यह समस्या कुछ लोगों को ट्रेन, कार, जहाज या प्लेन में मुक्त करती है। गड़ी में की यात्रा के दौरान जुने की खानी, पेट, चक्कर या चक्राये जैसे की खुशबू की दिक्कति हो जाती है। जब बात ऑफिस (Office) और घर के कामों से छुट्टी की हो तो सबसे पहले दिमाग में बाहर घूमने जाने का ही प्लान आता है। यह उत्साह उस वक्त कम हो जाता है जब आपको मोशन सिकनेस (Motion Sickness In Hindi) का डर सताता है।


मोशन सिकनेस से ना सिर्फ आपको उल्टियां (Vomiting) होती हैं, जी मचलाता है बल्कि आपके सफर का पूरा मज़ा भी किरकिरा कर देता है, और फिर आप उस प्लान को ड्रॉप कर देते हैं, लेकिन सिर्फ मोशन सिकनेस के कारण आप अपने घूमने का प्लान ड्रॉप कर रहें है तो ये आर्टिकल आपके बहुत काम का है। आज हम आपको कुछ ऐसी टिप्स और घरेलू नुस्खे बताएंगे जिन्हें अपना कर आप अपने सफर को अच्छे से एन्जॉय कर पाएंगे।आइए जानते हैं।

मन के डर का असर

Motion Sickness In Hindi

सफर के दौरान उल्टी, चक्कर आना या बेचैनी महसूस करना मोशन सिकनेस के कारण होता है। कई लोगों के मन में एक बार सफर के दौरान उल्टी होने पर इतना डर बैठ जाता है कि अगली बार सफर का जिक्र आते ही उन्हें सबसे पहले उल्टी का खयाल आता है। इसका साइकोलॉजिकल असर ये होता है कि व्यक्ति सफर शुरू होने से पहले ही उल्टी करने लगता है।

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ऐसे में सबसे पहले मन से मोशन सिकनेस का डर निकालना जरूरी है। एक बार सफर के दौरान उल्टी हुई तो इसका मतलब ये नहीं कि अगली बार भी ऐसा ही हो। अगर सही तैयारी के साथ सफर की शुरुआत की जाए तो मोशन सिकनेस से आसानी से बचा जा सकता है।

सफर में उलटी आने के क्या कारणं है। ?

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1. संवेदी असंतुलन (Sensory Mismatch)

कारण :- जब मस्तिष्क को आंखों, कानों और मांसपेशियों से आने वाली जानकारी में असंगति महसूस होती है, तो मतली और उलटी हो सकती है।

उदाहरण:

  • गाड़ी में बैठने पर आंखें स्थिर चीजों पर केंद्रित रहती हैं, लेकिन कान शरीर की गति को महसूस करते हैं।
  • समुद्री यात्रा के दौरान लहरों के कारण महसूस होने वाली गति।

समाधान

  • हमेशा वाहन के आगे की ओर देखें।
  • खिड़की के पास बैठें ताकि बाहरी दृश्य देखने से भ्रम कम हो।
  • आंखें बंद करके आराम करें।

2. आंतरिक कान की समस्याएं (Inner Ear Issues)

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कारण :- आंतरिक कान संतुलन बनाए रखता है। जब इसका सही काम न करना या ज्यादा संवेदनशील होना मोशन सिकनेस का कारण बन सकता है।

उदाहरण: कान में संक्रमण या मेनिएर डिजीज

समाधान

  • डॉक्टर से कान की जांच करवाएं।
  • मोशन सिकनेस की दवाएं जैसे एंटीहिस्टामिन (जैसे डाइमेनहाइड्रिनेट) लें।

3. तनाव और चिंता (Stress and Anxiety)

कारण :- सफर के दौरान मानसिक तनाव और घबराहट से शरीर में कोर्टिसोल हॉर्मोन का स्तर बढ़ता है, जो मतली पैदा कर सकता है।

समाधान

  • गहरी सांस लेने की तकनीक अपनाएं।
  • ध्यान (Meditation) और रिलैक्सेशन तकनीक का अभ्यास करें।
  • सफर के पहले हल्का संगीत सुनें।

4. भोजन और पाचन से जुड़ी समस्याएं (Digestive Issues)

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कारण :- भारी, तला हुआ या मसालेदार भोजन पेट में एसिडिटी पैदा कर सकता है, जिससे यात्रा के दौरान उलटी हो सकती है। यात्रा से ठीक पहले खाना खाने से पेट पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है।

समाधान

  • हल्का भोजन करें, जैसे बिस्किट या फल।
  • ताजे पानी की पर्याप्त मात्रा लें।
  • एसिडिटी की दवा जैसे रैनिटिडीन या ओमेज़ DSR लें (डॉक्टर की सलाह पर)।

5. बदबू और वातावरण (Unpleasant Odors and Poor Ventilation)
कारण

बंद गाड़ी में ताजी हवा की कमी या किसी अप्रिय गंध (जैसे परफ्यूम, पेट्रोल) से मतली हो सकती है।

समाधान

  • खिड़कियां खोलकर ताजी हवा आने दें।
  • गाड़ी में सुगंधित पाउच का उपयोग करें।
  • मिंट या अदरक की गोली चूसें।

6. हॉर्मोनल बदलाव (Hormonal Changes)

गर्भावस्था, पीरियड्स, या दवाइयों के कारण शरीर के हॉर्मोनल स्तर में बदलाव हो सकता है, जिससे मोशन सिकनेस की संभावना बढ़ जाती है।

समाधान

  • डॉक्टर से परामर्श लें।
  • गर्भावस्था के दौरान डॉक्टर द्वारा अनुमोदित दवाओं का सेवन करें।

मोशन सिकनेस दूर करने के घरेलू उपाय

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भुना लौंग का पाउडर

सफर में उल्टी की समस्या से निजात पाने के लिए अपने पास हमेशा भुने हुए लौंग का पाउडर रखें इस पाउडर को शकर या काले नमक के साथ एक चुटकी मिलाकर चूमने से उल्टी नहीं होगी।

सफर से पहले दवाई लें

अगर आपको सफर के दौरान मोशन सिकनेस की तकलीफ होती है तो सफर शुरू करने से दो घंटे पहले डॉक्टर से कंसल्ट करने के बाद सिनारिजिन, मेक्लिजिन, साइक्लिजिन या डिमेंहाइड्रिनेट में से कोई भी एक दवा ले सकते हैं। आप चाहें तो कान के पिछले हिस्से में स्कोपोलामाइन पैच भी लगा सकते हैं, ये ७२ घंटे तक काम करता है।

तुलसी के पत्ते

सफर के दौरान अगर आप तुलसी के पत्ते चबाते हैं तो आपको उल्टी नहीं आएगी। साथ ही एक बॉटल में नींबू-पुदीने का रस और काला नमक डालकर रखें। इसे सफर के दौरान थोड़ा-थोड़ा पीते रहें।

अपने पास नींबू रखें

सफर के दौरान अपने साथ एक पका नींबू जरूर रखें। जब भी आपको असहज महसूस हो तुरंत नींबू को छीलकर सूंघे। इससे आपका मूड फ्रेश होगा, साथ ही उल्टी भी नहीं आएगी।

सौंफ के बीज

एक चम्मच सौंफ के बीज चबाएं। सौंफ के बीज गैस और सूजन को कम करने में मदद कर सकते हैं।

  • अदरक: अदरक की चाय या अदरक का छोटा टुकड़ा चूसने से राहत मिलती है।
  • नींबू: नींबू पानी या नींबू की खुशबू से मतली कम हो सकती है।
  • पुदीना: पुदीना की चाय या मिंट कैप्सूल मदद कर सकते हैं।
  • काला नमक: नींबू पर काला नमक लगाकर खाने से उलटी रुकती है।
सोने की कोशिश करें

सफर के दौरान अगर आपको नींद आ जाए तो आप उल्टी से बच सकते हैं। अगर आपको लंबे सफर पर जाना है तो ऐसा समय चुनें कि आपको गाड़ी में नींद आ जाए। इससे आपको सफर में होनेवाली हलचल का पता नहीं चलेगा और आप उल्टी करने से बच जाएंगे।

Motion Sickness In Hindi की समस्या मेंक्या न करें

मोशन सिकनेस के बचने के लिए यात्रा के पहले भारी खानपान से बचें, यात्रा के दौरान मोबाइल और लैपटॉप के उपयोग से बचें, बहुत ज्यादा मात्रा के कैफिन युक्त पेय जैसे चाय और कॉफी लेने से बचें। लंदन के वेस्टमिंस्टर यूनिवर्सिटी में अप्लाइड साइकोलॉजी के प्रोफेसर जॉन गोल्डिंग के अनुसार मोशन सिकनेस के दौरान सांस पर नियंत्रण रखना सबे अच्छा उपाय है। यह मोशन सिकनेस के लिए लिए जाने वाली आधी गोली की तरह काम करती है।

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Motion Sickness In Hindi से जुड़े कुछ प्रश्न

Q.1 क्या मोशन सिकनेस एक बीमारी है?

नहीं, मोशन सिकनेस बीमारी नहीं है। जब भी आप सफर पर जाते हैं तो आपको उल्टी आना, चक्कर आना या जी मचलाने जैसी समस्या होती है। इसी समस्या को मोशन सिकनेस कहा जाता है। लेकिन यह कोई बीमारी नहीं है। जब हमारे दिमाग को भीतरी कान, आंख और त्वचा से अलग-अलग सिग्नल मिलते हैं। इसमें सेंट्रल नर्वस सिस्टम कन्फ्यूज हो जाता है। नीचे दिए गए कुछ तरीकों को अपनाकर मोशन सिकनेस की समस्या से छुटकारा पा सकते हैं।


Q. 2 गाड़ी में उल्टी ना हो इसके लिए क्या करें?

हल्का खाने का ही करें सेवन
सफर से पहले डॉक्टर से मिलें
सही सीट का करें चुनाव
ताजा हवा लें और किताब जैसी चीजों से दूरी बनाएं
लंबी दूरी एक साथ ना करें तय

Aaditya Kushwaha

I’m Aaditya Kushwaha, founder of ArogyHub.com, with 10 years of experience in content writing and deep expertise in digital marketing. I specialize in creating valuable, engaging content in the health and wellness industry to inform and empower readers. 🚀

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